बुधनी में आदिवासियों के घरों पर चला बुलडोजर, अपनी ही सरकार के खिलाफ धरने पर बैठे शिवराज सिंह चौहान
12 October 2026 • 07:29 am

बुधनी विधानसभा के कोसमी गांव में वन विभाग और प्रशासन की एक बड़ी कार्रवाई से सियासी पारा गरमा गया है। आदिवासियों के घरों पर बुलडोजर चलने की इस कार्रवाई से नाराज होकर केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान अपनी ही सरकार के खिलाफ धरने पर बैठ गए हैं।
'बच्चों की किलकारियों की जगह अब गूंज रही चीखें'
देर रात धरने पर बैठे शिवराज सिंह चौहान ने भारी आक्रोश जताते हुए कहा कि उनके क्षेत्र में जुल्म की पराकाष्ठा हुई है और आदिवासियों के साथ घोर अन्याय किया गया है। उन्होंने कहा, "सवेरे तक जो घर आबाद थे, जहां बच्चों की किलकारियां गूंज रही थीं, वहां अब उनकी चीखें हैं। महिलाएं छातियां पीट-पीटकर रो रही हैं।" उन्होंने बताया कि प्रशासन ने आदिवासियों के घर गिरा दिए, उनकी फसलें दबा दीं, उनकी जीवनभर की मेहनत कुचल दी और उनके कुओं को भी मिट्टी से भर दिया।
सीएस और प्रदेश अध्यक्ष से बात के बाद भी नहीं रुकी कार्रवाई
केंद्रीय मंत्री ने इस बात पर कड़ी आपत्ति जताई कि प्रशासन द्वारा यह कार्रवाई तब की गई, जब वे इसे रोकने के लिए भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल और मुख्य सचिव अशोक वर्णवाल से पहले ही बात कर चुके थे। आला अधिकारियों और संगठन से बातचीत के बावजूद जब बुलडोजर नहीं रुका, तो वे खुद आदिवासियों के समर्थन में धरने पर बैठ गए। उन्होंने स्पष्ट किया है कि अब वे इस पूरे मामले पर सीधे मुख्यमंत्री से बात करेंगे।

