मध्य प्रदेश के दमोह में गोवंश के अवशेष मिलने पर तनाव: हिंदू संगठनों का प्रदर्शन, अतिक्रमण पर चला बुलडोजर; 2 गिरफ्तार
4 October 2026 • 07:57 am

मध्य प्रदेश के दमोह शहर स्थित नूरी नगर सिताबावरी (बजरिया सात) क्षेत्र में शनिवार सुबह गोवंश के अवशेष मिलने के बाद भारी तनाव की स्थिति बन गई। घटना के विरोध में हिंदूवादी संगठनों और गौभक्तों ने कड़ी कार्रवाई की मांग को लेकर घंटाघर पर जोरदार प्रदर्शन किया और शहर का बाजार बंद करा दिया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पुलिस और प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई की और कसाई मंडी क्षेत्र में अतिक्रमण कर बनाए गए अवैध निर्माणों पर बुलडोजर चला दिया। पुलिस ने इस मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार भी कर लिया है

अवैध निर्माणों पर चला बुलडोजर, 8 से 10 मकान जमींदोज
घटना के बाद शाम को सागर से दमोह पहुंचे डीआईजी शशिंद्र सिंह चौहान ने घटनास्थल का जायजा लिया और अधिकारियों को सख्त कदम उठाने के निर्देश दिए। डीआईजी के निर्देशों के बाद पुलिस और नगर पालिका की संयुक्त
टीम ने नूरी नगर से कसाई मंडी क्षेत्र तक बैरिकेडिंग की। इसके बाद जेसीबी की मदद से अतिक्रमण कर बनाए गए 8 से 10 मकानों को ध्वस्त कर दिया गया। सीएसपी एचआर पांडे ने बताया कि तहसील स्तर से अतिक्रमणकारियों को पहले ही चिह्नित किया गया था, जिसके आधार पर यह कार्रवाई की गई है और आगे भी जारी रहेगी।
चार पर नामजद एफआईआर, दो गिरफ्तार
पुलिस ने गोवंश हत्या के मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए चार मुख्य आरोपियों के खिलाफ नामजद अपराध दर्ज किया है। इनमें से दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि दो अन्य फरार आरोपियों की तलाश में पुलिस लगातार दबिश दे रही है। पुलिस उन लोगों की भी जानकारी जुटा रही है, जिन्होंने इस घटना में आरोपियों का सहयोग किया था।

हिंदू संगठनों का प्रदर्शन और बाजार बंद
गोवंश के अवशेष मिलने की सूचना के बाद विश्व हिंदू परिषद (विहिप) और अन्य संगठनों ने घंटाघर पर हनुमान चालीसा का पाठ कर विरोध जताया। व्यापारी महासंघ के समर्थन से घंटाघर के आसपास का पूरा बाजार बंद रहा। विहिप जिलाध्यक्ष अजय खत्री ने बताया कि पूर्व में जहां गौहत्या पकड़ी गई थी, उससे करीब 200 मीटर दूर एक खुले मैदान में यह घटना हुई। मौके से एक गाय को सुरक्षित बचा लिया गया, जबकि एक गर्भवती गाय और उसके बच्चे के अवशेष मिले। उन्होंने प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए जल्द और सख्त कार्रवाई की मांग की।
प्रदर्शन के दौरान भागवताचार्य रसराज महाराज ने कहा कि दमोह जैसी धार्मिक नगरी में ऐसी घटनाएं बेहद दुखद हैं। उन्होंने सरकार से अवैध बूचड़खानों और ऐसी गतिविधियों पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने की मांग की।
कलेक्टर के सख्त निर्देश के बाद समाप्त हुआ प्रदर्शन
विरोध-प्रदर्शन को शांत करने के लिए कलेक्टर प्रताप नारायण यादव ने कसाई मंडी में सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया। उन्होंने नगर पालिका सीएमओ को मौके पर बुलाकर चिह्नित अतिक्रमणों पर तत्काल कार्रवाई करने और खुले में मांस बेचने वाली दुकानों को हटाने के निर्देश दिए। प्रशासन के इस कड़े रुख और आश्वासन के बाद हिंदू संगठनों ने अपना प्रदर्शन समाप्त कर दिया। शहर में फिलहाल शांति है, लेकिन एहतियातन पुलिस बल तैनात किया गया है।

